ममता बनर्जी का बड़ा ऐलान, बंगाली प्रवासियों को मिलेगी नौकरी और हर महीने 5 हजार रूपए

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बंगाली प्रवासी मजदूरों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की है. उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में बंगाली भाषी लोगों को परेशान किया जा रहा है, विशेष रूप से उन राज्यों में जहां "डबल इंजन" की सरकारें सत्ता में हैं.

Date Updated Last Updated : 18 August 2025, 06:22 PM IST
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Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बंगाली प्रवासी मजदूरों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की है. उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में बंगाली भाषी लोगों को परेशान किया जा रहा है, विशेष रूप से उन राज्यों में जहां "डबल इंजन" की सरकारें सत्ता में हैं.

इन प्रवासियों की संख्या लगभग 22 लाख है. ममता ने इन सभी से अपने गृह राज्य पश्चिम बंगाल लौटने की अपील की है. उत्पीड़न का सामना कर रहे प्रवासियों की सहायता के लिए राज्य सरकार ने श्रमोश्री योजना शुरू करने का फैसला किया है, जिसके तहत उन्हें आर्थिक और रोजगार सहायता प्रदान की जाएगी.

प्रवासियों को आर्थिक सहायता

ममता बनर्जी ने घोषणा की कि श्रमोश्री योजना के अंतर्गत लौटने वाले बंगाली प्रवासी मजदूरों को एक साल तक हर महीने 5,000 रुपये का मुफ्त यात्रा भत्ता दिया जाएगा. यह राशि आईटीआई और श्रम विभाग के माध्यम से प्रदान की जाएगी.

इसके अतिरिक्त प्रवासियों को जॉब कार्ड भी उपलब्ध कराया जाएगा, जिसके बाद उन्हें स्थायी रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे. यह योजना विशेष रूप से उन बंगाली प्रवासी मजदूरों के लिए है जो अन्य राज्यों में काम कर रहे हैं और उत्पीड़न का शिकार हो रहे हैं.

कितने प्रवासी लौटे बंगाल?

मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक विभिन्न राज्यों में बंगाली मजदूरों के उत्पीड़न के कारण 2,870 परिवार, यानी 10,000 से अधिक मजदूर, पश्चिम बंगाल वापस लौट चुके हैं. इन मजदूरों को सहायता के लिए प्रवासी मजदूर कल्याण संघ से संपर्क करने की सलाह दी गई है. ममता ने यह भी बताया कि इस योजना को राज्य मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है. साथ ही, ताजपुर बंदरगाह के लिए नए टेंडर को भी कैबिनेट ने हरी झंडी दिखाई है.

पीएम की रैली में शामिल होने पर सवाल बरकरार

चर्चा है कि बंगाली प्रवासियों के उत्पीड़न के विरोध में ममता बनर्जी 22 अगस्त को पश्चिम बंगाल में होने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगी. हालांकि, जब उनसे इस बारे में सवाल पूछा गया, तो उन्होंने जवाब देने से इनकार कर दिया और इसे टाल दिया.

2026 विधानसभा चुनाव की तैयारियां

पश्चिम बंगाल में 2026 में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए ममता बनर्जी ने अभी से रणनीति बनानी शुरू कर दी है. उन्होंने हाल ही में बिहार में चुनाव आयोग द्वारा कराए गए एसआईआर (SIR) का भी विरोध किया और कहा कि पश्चिम बंगाल अभी इसके लिए तैयार नहीं है. उन्होंने इस प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाए. 

हालांकि, बंगाल में एसआईआर की शुरुआत को लेकर अभी कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है. ममता बनर्जी की यह घोषणा बंगाली प्रवासियों के लिए एक बड़ा कदम है. श्रमोश्री योजना न केवल आर्थिक सहायता प्रदान करेगी, बल्कि प्रवासियों को सम्मानजनक रोजगार के अवसर भी देगी.

यह कदम न केवल सामाजिक, बल्कि राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह 2026 के विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की स्थिति को मजबूत कर सकता है.

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